इंदौर • डेली कॉलेज द्वारा दीपावली अवकाश को 6 दिन से बढ़ाकर 16 दिन का करने पर विवाद खड़ा हो गया है। ओल्ड डेलियंस और सीनियर एडवोकेट ने इस पर आपत्ति ली है। उनका आरोप है कि डेली कॉलेज ने यह निर्णय इसलिए लिया है क्योंकि वहां पर आरएसएस द्वारा अपना कार्यक्रम किया जा रहा है। ऐसे में आरएसएस के कार्यक्रम के लिए देश की प्रतिष्ठित संस्था को देना और उसके छात्रों की पढ़ाई के साथ समझौता करना ठीक बात नहीं है। इसके लिए उन्होंने ना केवल स्कूल बल्कि आरएसएस को भी पत्र लिखकर अपनी बात रखी है। साथ ही यह भी कहा है कि अगर स्कूल ने अपना निर्णय नहीं बदला तो वे हाई कोर्ट की शरण लेंगे। ऐसे शुरू हुआ विवाद—यह विवाद डेली कॉलेज मैनेजमेंट द्वारा दीपावली अवकाश को लेकर जारी किए गए सर्क्युलर से शुरू हुआ।
राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को यह लिखा है पत्र में
एडवोकेट बागड़िया ने 8 अगस्त को आरएसएस सरसंघचालक, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम भी एक पत्र लिखा है। जिसमें उन्होंने कार्यक्रम के लिए शैक्षणिक परिसर के उपयोग पर पुनर्विचार का आग्रह किया। बागड़िया ने अपने पत्र में स्पष्ट किया है कि उनकी आपत्ति आरएसएस की विचारधारा को लेकर नहीं है। उनकी चिंता पूरी तरह शैक्षणिक संस्थान की स्वतंत्रता, राजनीतिक तटस्थता और संस्थागत मर्यादा से जुड़ी है।
बागड़िया बोले- नहीं माने तो कोर्ट जाएंगे
इस संबंध में एडवोकेट अजय बागड़िया का कहना है कि वे प्रतिनिधिमंडल के साथ डेली कॉलेज प्रबंधन से मिलने जाएंगे और अपनी बात रखेंगे। अगर प्रबंधन ने छात्रों के हित में उनकी बात नहीं मानी तो उन्हें मजबूरन हाई कोर्ट की शरण लेनी पड़ेगी। वहीं, इस संबंध में डेली कॉलेज की प्रिंसिपल गुरमीत बिंद्रा को फोन करके उनका पक्ष जानने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने कोई जानकारी नहीं दी।






Total Users : 31467
Leave a comment